जीवन इसी का नाम हे...
तूफान हे, चट्टान हे,
मुश्किलों का पैगाम हे,
जल रही हे ज्वाला कई,
जीवन इसी का नाम हे....
मिलना यही, बिछड़ना यही,
होता यहां ये आम हे,
इंसान का कोई हे कहां,
जीवन इसी का नाम हे....
मंजिल यहां, रास्ता यहां,
रुकना न तेरा काम हे,
चलता चल तू ए मुसाफिर,
जीवन इसी का नाम हे...
कर हौंसला, ले फैसला,
खुला हुआ आसमान हे,
जिगरा बना तू बाज सा,
जीवन इसी का नाम हे...
चलना भी हे, उड़ना भी हे,
यही तेरी पहचान हे,
सफर यही जीने की वजह बना,
जीवन इसी का नाम हे...
😍👍
ReplyDelete🙂🙏
Deletewahh
ReplyDeleteवाह, क्या बात है!!!
Delete🙂🙂🙏
Delete👏👏👍
ReplyDelete🙏🙂
DeleteNice poem
ReplyDeleteThank You 🙂
Deleteसुंदर रचना।
ReplyDeleteधन्यवाद.. 🙂
Delete👌👌👍❤❤ ग्रेट
ReplyDeleteथैंक यू
DeleteVery nicely said 👍👌
ReplyDeleteThank You...
DeleteWahh never knew you are poet. Superb
ReplyDeleteThis Blog is My thoughts...
DeleteU may browse it...
And thanks for ths one...🙂
Fantastic poem
ReplyDeleteThank you
Deleteवाह! एकदम सही फर्माया है l
ReplyDeleteधन्यवाद
DeleteTrue 👍👍
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